June 15, 2026 |

BREAKING NEWS

छत्तीसगढ़देशब्रेकिंग

Bilaspur High Court: OBC आरक्षित पदों पर तय सीमा से ज्यादा दिव्यांग भर्ती गलत, हाईकोर्ट ने मेरिट लिस्ट दोबारा बनाने के दिए निर्देश

Namaskar Madhya Pradesh

Listen to this article

Bilaspur High Court: बिलासपुर | बिलासपुर हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसले में कहा है कि अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के लिए आरक्षित पदों पर तय सीमा से अधिक दिव्यांग उम्मीदवारों की नियुक्ति केवल योग्यता के आधार पर करना कानूनी रूप से गलत है। कोर्ट ने राज्य सरकार को मेरिट सूची की समीक्षा कर 90 दिनों के भीतर नई मेरिट लिस्ट तैयार करने के निर्देश दिए हैं।

क्या है पूरा मामला?

यह मामला उमेश कुमार श्रीवास और अन्य द्वारा दायर याचिका से जुड़ा है। याचिकाकर्ताओं ने हाईकोर्ट को बताया कि लोक शिक्षण संचालनालय ने 9 मार्च 2019 को व्याख्याता, शिक्षक और सहायक शिक्षकों के रिक्त पदों पर भर्ती के लिए विज्ञापन जारी किया था।

भर्ती प्रक्रिया में ओबीसी वर्ग के कई अभ्यर्थियों ने मेरिट सूची में स्थान हासिल किया था, लेकिन चयन समिति द्वारा जारी प्रोविजनल मेरिट लिस्ट में ओबीसी श्रेणी के पदों पर तय 7 प्रतिशत सीमा से अधिक दिव्यांग उम्मीदवारों का चयन कर लिया गया।

सामान्य OBC अभ्यर्थियों का प्रभावित हुआ अधिकार

याचिका में कहा गया कि तय सीमा से ज्यादा दिव्यांग उम्मीदवारों को शामिल करने से सामान्य ओबीसी अभ्यर्थियों के अधिकार प्रभावित हुए हैं। इस पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट की सिंगल बेंच ने चयन प्रक्रिया पर सवाल उठाए।

हाईकोर्ट ने प्रक्रिया को बताया गलत

जस्टिस राकेश मोहन पांडेय की सिंगल बेंच ने कहा कि चयन समिति द्वारा अपनाई गई प्रक्रिया पूरी तरह गलत है। कोर्ट ने माना कि इस तरीके से सभी श्रेणियों के उम्मीदवारों को समान अवसर नहीं मिल पाता।

90 दिनों में नई मेरिट लिस्ट तैयार करने के निर्देश

हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को निर्देश दिया है कि भर्ती प्रक्रिया की समीक्षा कर 90 दिनों के भीतर नई मेरिट सूची तैयार की जाए, ताकि सभी वर्गों के उम्मीदवारों को नियमों के अनुसार समान अवसर मिल सके।


Namaskar Madhya Pradesh

Related Articles

Check Also
Close