एमपी कैबिनेट का बड़ा फैसला: जमीन अधिग्रहण पर किसानों को मिलेगा चार गुना मुआवजा

Major Decision by the MP Cabinet News: भोपाल | सीएम डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में आज (बुधवार को) मंत्रालय में हुई कैबिनेट की बैठक में किसानों और किसान संगठनों की मांग पर बड़ा फैसला लिया गया। कैबिनेट ने 2015 अधिनियम के तहत पुनर्निधारण का प्रावधान किया, इससे अब मुआवजे का फैक्टर बढ़ाकर चार गुना होगा। कैबिनेट ने फैक्टर-2 लागू करने का फैसला लिया है। ग्रामीण क्षेत्रों में किसानों को जमीन अधिग्रहण पर चार गुना तक मुआवजा मिलेगा।
किसानों के हित में सरकार का फैसला- राज्य मंत्री
एमपी कैबिनेट के इस फैसले पर राज्य मंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल ने कहा, ‘डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में एक ऐतिहासिक निर्णय हुआ है। हमारे किसान बंधुओं की, किसान संगठनों की काफी दिनों से ये मांग थी कि जो भी शासकीय निर्माण कार्य होते हैं, सार्वजनिक निर्माण कार्य होते हैं, उनकी जब भूमि अर्जन होती है, उसमें किसान बंधुओं को, जमीन मालिकों को उचित मुआवजा मिल जाए। इसके लिए मध्य प्रदेश भूमि अर्जन पुनर्वास और पुनर्व्यवस्थापन उचित प्रतिकर और पारदर्शिता का अधिकार अधिनियम 2013 है, उसमें मल्टीप्लिकेशन फैक्टर के पुनर्निर्धारण का प्रावधान है।’
ग्रामीण क्षेत्रों के लिए ‘फैक्टर दो’ निर्धारित
उन्होंने आगे कहा कि जो हमारी केंद्र सरकार का एक्ट है 2013 का, उसमें भी इस मल्टीप्लिकेशन फैक्टर को अधिसूचित किया गया है। और ये मल्टीप्लिकेशन फैक्टर तय करना राज्य सरकारों का विशेष अधिकार है। अभी जो अधिनियम है उसके अंतर्गत यदि फैक्टर एक रहता है तो किसानों को दोगुना मुआवजा मिलता है। और इस फैक्टर को डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में मंत्रिपरिषद ने ग्रामीण क्षेत्रों के लिए फैक्टर दो निर्धारित किया है।
भूमि अधिग्रहण पर किसानों को चार गुना मुआवजा
राज्य मंत्री नरेंद्र शिवाजी बोले कि निश्चित रूप से पूरे प्रदेश में सभी ग्रामीण क्षेत्रों की जो कृषि भूमि है, उसके लिए फैक्टर दो का निर्धारण हुआ है। फैक्टर दो होने के परिणामस्वरूप अब चार गुना मुआवजा हमारे प्रदेश के किसानों को मिलेगा, अगर किसी भी शासकीय कार्य और सार्वजनिक निर्माण कार्य के लिए अगर भूमि अर्जन की जाएगी। निश्चित रूप से, हमारे किसान भाइयों के हित में यह एक ऐतिहासिक निर्णय है।




