September 11, 2026 |

BREAKING NEWS

अंचलब्रेकिंगमध्यप्रदेश

मध्यप्रदेश में 4 दिन झमाझम बारिश का दौर, 17 जिलों में अलर्ट; उमरिया-बालाघाट में अति भारी बारिश की चेतावनी

MP Weather News: मौसम विभाग ने आज 1 सितंबर को 17 जिलों में भारी से अति भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।

Namaskar Madhya Pradesh

Listen to this article

MP Weather News: भोपाल। मध्यप्रदेश में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है। बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दबाव क्षेत्र और ट्रफ के प्रभाव से प्रदेश के कई हिस्सों में अगले चार दिनों तक बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है। मौसम विभाग ने आज 1 सितंबर को 17 जिलों में भारी से अति भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।

उमरिया और बालाघाट में अति भारी बारिश का अलर्ट

मौसम विभाग के अनुसार उमरिया और बालाघाट में अति भारी बारिश का अलर्ट है। वहीं पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, कटनी, मैहर, शहडोल, अनूपपुर, डिंडौरी, जबलपुर, मंडला, सिवनी और छिंदवाड़ा में भारी बारिश की संभावना जताई गई है। इन इलाकों में गरज-चमक और तेज हवाओं के साथ बारिश हो सकती है।

भोपाल समेत कई जिलों में बदला मौसम

राजधानी भोपाल समेत प्रदेश के कई हिस्सों में बादल छाए रहने और गरज-चमक के साथ बारिश होने के आसार हैं। मौसम का असर आने वाले दिनों में मध्यप्रदेश के दूसरे हिस्सों तक भी बढ़ेगा। 3 सितंबर को भोपाल और ग्वालियर संभाग, जबकि 4 सितंबर को उज्जैन, भोपाल, नर्मदापुरम, ग्वालियर और चंबल संभाग में बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है।

इन जिलों में भी बारिश-आंधी की चेतावनी

आज खंडवा, खरगोन, सीधी, उमरिया, शहडोल, धार, ग्वालियर, कटनी, अशोकनगर, उज्जैन, आगर-मालवा, मंदसौर, रतलाम, नरसिंहपुर, भोपाल, इंदौर, दतिया, शिवपुरी और मंडला समेत कई जिलों में बारिश और आंधी की चेतावनी भी जारी की गई है।

प्रदेश में अब तक सामान्य से कम बारिश

मध्यप्रदेश में इस मानसून सीजन में अब तक करीब 702.9 मिलीमीटर यानी 27.7 इंच बारिश दर्ज की गई है। सामान्य आंकड़ा करीब 37.3 इंच है, यानी प्रदेश में अब भी लगभग 10 फीसदी बारिश की कमी है। सितंबर में करीब 9.6 इंच बारिश होने पर सामान्य मानसूनी आंकड़ा पूरा हो सकता है।

मौसम विभाग के पूर्वानुमान को देखते हुए अगले कुछ दिनों में प्रदेश के पूर्वी हिस्सों के साथ-साथ मध्य और पश्चिमी मध्यप्रदेश में भी बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है। भारी बारिश वाले जिलों में निचले इलाकों में जलभराव और नदी-नालों के जलस्तर बढ़ने की स्थिति बन सकती है। लोगों को गरज-चमक के दौरान खुले स्थानों पर जाने से बचने की सलाह दी गई है।


Namaskar Madhya Pradesh

Related Articles