कूनो नेशनल पार्क में फिर गूंजी किलकारी, KGP12 ने 4 शावकों को दिया जन्म; देश में चीतों की संख्या 56
भारत में जन्मी मादा चीता KGP12 ने 18 सितंबर को खुले जंगल में चार शावकों को जन्म दिया है।

श्योपुर। भारत में प्रोजेक्ट चीता के चार साल पूरे होने के अगले ही दिन कूनो नेशनल पार्क से बड़ी खुशखबरी सामने आई है। भारत में जन्मी मादा चीता KGP12 ने 18 सितंबर को खुले जंगल में चार शावकों को जन्म दिया है। इन शावकों के जन्म के साथ ही देश में चीतों की कुल संख्या बढ़कर 56 हो गई है।
18 सितंबर को जन्मे चार शावक
प्रोजेक्ट चीता के चार साल पूरे होने के अगले दिन कूनो में चार नए शावकों का जन्म हुआ। इससे प्रोजेक्ट चीता से जुड़े लोगों में खुशी की लहर है। खास बात यह है कि शावकों की मां KGP12 खुद भारत में जन्मी है, जिससे देश में चीता की भारतीय पीढ़ी के विस्तार को नई मजबूती मिली है।
सभी शावक सुरक्षित
कूनो प्रबंधन के अनुसार चारों शावक सुरक्षित और स्वस्थ हैं। नए शावकों के जन्म के बाद भारत में जन्मे चीतों की संख्या बढ़कर 36 हो गई है, जबकि विदेशी चीतों की संख्या 20 है। इसे भारत में चीता संरक्षण कार्यक्रम की महत्वपूर्ण उपलब्धियों में से एक माना जा रहा है।
कूनो में 53, मध्यप्रदेश में 56 चीते
भारत में चीतों का कुनबा लगातार बढ़ रहा है। चार शावकों के जन्म के बाद कूनो नेशनल पार्क में चीतों की संख्या 53 हो गई है, जबकि मध्यप्रदेश में कुल चीतों की संख्या बढ़कर 56 पहुंच गई है। कूनो के साथ गांधी सागर वन्यजीव अभयारण्य में भी चीता संरक्षण कार्यक्रम का विस्तार किया गया है।
नामीबिया से शुरू हुआ था प्रोजेक्ट चीता
गौरतलब है कि भारत में प्रोजेक्ट चीता की शुरुआत सितंबर 2022 में नामीबिया से लाए गए चीतों के साथ हुई थी। इसके बाद फरवरी 2023 में दक्षिण अफ्रीका से 12 चीते भारत लाए गए। वहीं, फरवरी 2026 में बोत्सवाना से भी नौ चीते भारत लाए गए। अब इनके प्रजनन से देश में चीतों की संख्या लगातार बढ़ रही है।




